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National Green Tribunal : मुंबई, रायपुर और जयपुर क्रिकेट स्टेडियम में NGT की रोक जारी, किसी भी गतिविधि पर प्रतिबंध

Media Yodha Desk Fri, Aug 21, 2026

National Green Tribunal: राष्ट्रीय हरित अधिकरण द्वारा तीन क्रिकेट स्टेडियमों - मुंबई के डॉ डीवाई पाटिल स्टेडियम, छत्तीसगढ़ के रायपुर में शहीद वीर नारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम और जयपुर के सवाई मानसिंह स्टेडियम में खेल गतिविधियों पर रोक लगाने के एक महीने से अधिक समय बाद भी जयपुर कोर्ट की प्रत्यक्ष पर्यावरणीय देखरेख में ये स्टेडियम यथावत रहेंगे. एनजीटी ने पहले सभी स्टेडियमों / क्रिकेट संघों को क्रिकेट मैदानों के रखरखाव के लिए भूजल के कथित उपयोग के संबंध में 2021 की याचिका पर संज्ञान लेने के बाद केंद्रीय भूजल प्राधिकरण (CGWA) को अपना जवाब देने के लिए कहा था.

यह आरोप लगाया गया कि यह एसटीपी उपचारित जल का उपयोग करने और भूजल भंडारण और पुनर्भरण के लिए वर्षा जल संचयन प्रणाली स्थापित करने जैसे विकल्पों को अपनाए बिना किया गया था. याचिका में आरोप लगाया गया है कि इस तरीके की वजह से लोगों को साफ पीने का पानी नहीं मिल पाता. इसमें खास तौर पर आईपीएल क्रिकेट मैचों से जुड़े मुद्दों की ओर इशारा किया गया, जिन्हें भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) कमर्शियल और मनोरंजन के मकसद से आयोजित करता है, और कहा जाता है कि उनमें पानी बचाने की अहमियत को नजरअंदाज किया गया है. 15 अप्रैल, 2021 को अपने आदेश में, एनजीटी ने पीने के उद्देश्यों के लिए पीने योग्य पानी के संरक्षण की आवश्यकता पर जोर दिया.

इसके बाद कोर्ट ने कहा कि क्रिकेट और ऐसे ही मैदानों को, जब भी मुमकिन हो, अच्छी क्वालिटी के एसटीपी (STP) यानी सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट लगाकर पानी का इस्तेमाल करके मेंटेन किया जाना चाहिए, जो रोगजनकों और खराब चीजों से फ्री हो. इसके अलावा, बारिश के पानी का कलेक्शन और स्टोरेज पक्का किया जाना चाहिए. उल्लेखनीय बात यह है कि भूजल की कमी एक बड़ा पर्यावरणीय संकट बन गई है और इसके संरक्षण के लिए टिकाऊ प्रबंधन की आवश्यकता है. पिछले महीने जुलाई के आरंभ में न्यायाधिकरण ने मामले की सुनवाई करते हुए पाया कि उसके और सीजीडब्ल्यूए के नोटिस के बावजूद ये तीनों स्टेडियम जवाब देने में विफल रहे और न्यायाधिकरण ने बिना पूर्व अनुमति के किसी भी खेल गतिविधि को करने पर रोक लगा दी थी.

इन स्टेडियमों की मौजूदा स्थिति
एनजीटी ने इन तीन क्रिकेट स्टेडियमों पर प्रतिबंध जारी रखे हैं. हाल ही में हुई सुनवाई के दौरान शहीद वीर नारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम की ओर से पेश वकील ने जवाब दाखिल करने के लिए एक सप्ताह का समय मांगा. इसी तरह, सवाई मानसिंह स्टेडियम की ओर से पेश वकील ने भी अपना जवाब दाखिल करने के लिए एक सप्ताह का समय मांगा. इस सप्ताह के शुरु में न्यायाधिकरण के प्रधान पीठ ने इस मामले की सुनवाई की, जिसमें अध्यक्ष जस्टिस प्रकाश श्रीवास्तव और विशेषज्ञ सदस्य डॉ अफरोज अहमद शामिल थे.

डी वाई पाटिल स्टेडियम की ओर से पेश वकील ने अधिकरण को सूचित किया कि जवाब पहले ही दाखिल किया जा चुका है. सीजीडब्ल्यूए ने डी वाई पाटिल स्टेडियम द्वारा दायर प्रतिक्रिया की जांच के लिए समय मांगा है. सीजीडब्ल्यूए ने एनजीटी को बताया कि इन स्टेडियमों से जरूरी जवाब मिलने पर, दो दिनों के अंदर जानकारी इकट्ठा कर ली जाएगी. न्यायाधिकरण की प्रधान पीठ ने मामले की अगली सुनवाई की तारीख 28 सितंबर निर्धारित की है.

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