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ऑपरेशन सिंदूर के बाद भारत का बड़ा दांव : अब चीन को घेरने की तैयारी; ड्रैगन के दुश्मन संग डील फाइनल

Media Yodha Desk Sun, May 31, 2026

नई दिल्ली : ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पाकिस्तान के तमाम ठिकानों को बेदम करने वाली ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल अब चीन की टेंशन बढ़ाने वाली है। दक्षिण चीन सागर में चीन के साथ उलझे वियतनाम के साथ भारत ने ब्रह्मोस की डील फाइनल कर ली है। हालांकि, इस डील को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है लेकिन भारत के वरिष्ठ सैन्य अधिकारी राजेश कुमार सिंह ने इसकी पुष्टि की है।

सिंगापुर में आयोजित शांगरी-ला डायलॉग में अपनी बात रखते हुए वरिष्ठ सैन्य अधिकारी सिंह ने ब्रह्मोस मिसाइल को लेकर जानकारी साझा की। उन्होंने कहा, "वियतनाम क साथ, मुझे लगता है कि डील हो चुकी है। साइन हो चुके हैं। अभी इसे सार्वजनिक तौर पर घोषित नहीं किया गया है, लेकिन डील हो चुकी है।" इतना ही नहीं सिंह ने बताया कि केवल वियतनाम ही नहीं बल्कि इंडोनेशिया भी इस मिसाइल को खरीदने के लिए उत्सुक है। उसके साथ भी इसको लेकर बातचीत चल रही है। उम्मीद है कि जल्दी ही यह डील भी फाइनल हो जाएगी।

फिलिपींस पहले ही खरीद चुका है ब्रह्मोस

इंडो पैसेफिक सागर के आसपास स्थित देशों के साथ चीन का विरोध पुराना है। चीन लगातार इन देशों के ऊपर धौंस जमाने की कोशिश करता रहता है। ऐसे में इन देशों के लिए अपनी सुरक्षा में निवेश करना बेहद जरूरी है। भारत उनके सामने सबसे सस्ता और मजबूत विकल्प रखता है। ब्रम्होस सुपरसोनिक मिसाइल बहुत पहले से अपनी मजबूती बनाए हुए है। 2022 में इसकी डील सबसे पहले फिलीपींस के साथ हुई। दोनों देशों के बीच में करीब 375 मिलियन डॉलर की डील हुई है। इसके चलते मिसाइलों की डिलीवरी भी शुरू हो चुकी है।

ऑपरेशन सिंदूर का ब्राह्मोस की बिक्री पर असर

ऑपरेशन सिंदूर में भारत ने ब्राह्मोस सुपरसोनिक मिसाइल का बखूबी उपयोग किया। भारत की इस शान ने पाकिस्तान के तमाम ठिकानों को नेस्तनाबूद कर दिया। ब्राह्मोस का निशाना इतना सटीक था कि पूरी दुनिया में इसकी धाक जम गई। 2022 में फिलींपींस का दिल जीतने वाली इस मिसाइल को लेकर अब तमाम देशों की दिलचस्पी बढ़ रही है। वियतनाम के साथ बात पक्की हो चुकी है, जबकि इंडोनेशिया के साथ डील फाइनल होने की कगार पर है। इन देशों के अलावा अलग-अलग समय पर मलेशिया, थाईलैंड, सिंगापुर, ब्रुनेई, यूएई, सऊदी अरब, कतर, ओमान, इजिप्ट, चिली, ब्राजील, साइप्रस और साऊथ अफ्रीका ने भी अपनी दिलचस्पी दिखाई है।

क्या है ब्राह्मोस?

ब्राह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल दुनिया की सबसे तेज सुपरसोनिक क्रूज मिसाइलों में से एक है। इसे रूस और भारत ने संयुक्त रूप से बनाया है। यह मिसाइल 380 किलोमीटर तक सटीकता से मार कर सकती है। इसकी सबसे खास बात यह है कि इसे धरती, समुद्र या आसमान से भी फायर किया जा सकता है। भारत सरकार लगातार इस मिसाइल के एक्सपोर्ट को बढ़ाने पर जोर दे रही है। केंद्र का लक्ष्य है कि ब्रह्मोस समेत कई रक्षा उत्पादों के निर्यात को बढ़ाकर देश के रक्षा निर्यात को तेजी के साथ बढ़ाना है।

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